इंदौर
यातायात पुलिस ने पहली बार मंगलवार को ड्रोन की मदद से 25 से अधिक चालान बनाए। अफसरों के अनुसार फिलहाल प्रयोग किया जा रहा है। सफलता मिलने पर लागू किया जाएगा। यातायात जोन-2 के सहायक पुलिस आयुक्त मनोज कुमार खत्री ने बताया कि कई बार दोपहिया वाहन पर तीन सवारी बैठी होती है, लेकिन चौराहा आते ही एक सवारी उतर कर दूसरी ओर चली जाती है।
ऐसे में कार्रवाई नहीं कर पाते हैं। इसी तरह कई लोग मोबाइल पर बात करते हुए वाहन चलाते हैं। इसीलिए मंगलवार दोपहर रेडिसन चौराहे पर ड्रोन का प्रयोग किया गया। ड्रोन के माध्यम से हमने चौराहे पर आने वाले तीन सवारी वाहन को पकड़ा और कार्रवाई की।
ड्रोन से जाम का भी लगाएंगे पता
इसी तरह मोबाइल पर बात करने वाले वाहन चालकों को भी पकड़ा। इस तरह 25 से अधिक वाहनों के चालान बनाए। सहायक पुलिस आयुक्त (एसीपी) खत्री ने बताया कि ड्रोन का सबसे ज्यादा फायदा वहां होगा, जहां जाम लग जाता है। कई बार जाम की लोकेशन पर पहुंचने में काफी समय लग जाता है, लेकिन ड्रोन व्यू से आसानी से उस जगह का पता लग जाएगा, जहां से जाम लगने की शुरुआत हुई।
नर्सिंग विद्यार्थियों ने संभाला यातायात
इंदौर में बांबे अस्पताल चौराहे पर मंगलवार को निजी नर्सिंग ट्रेनिंग कालेज के विद्यार्थियों ने ट्रैफिक मित्र बनकर यातायात प्रबंधन में सक्रिय सहभागिता की। इस दौरान नर्सिंग स्टाफ ने दोपहिया वाहन चालकों को हेलमेट पहनने की सलाह दी और चार पहिया वाहन चालकों को सीट बेल्ट लगाने के प्रति जागरूक किया।
इसके अतिरिक्त उन्होंने नागरिकों से शराब पीकर वाहन न चलाने, नियंत्रित गति से वाहन चलाने, रेड लाइट पर स्टाप लाइन के पीछे वाहन रोकने, वाहन चलाते समय मोबाइल का उपयोग न करने तथा पैदल यात्रियों का सम्मान करने की अपील की।

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