भोपाल
मध्य प्रदेश में शुरु हुई स्पेशल इंसेन्टिव रिवीजन यानी एसआईआर की प्रक्रिया को 2003 की वोटर लिस्ट के आधार पर तय किया जाएगा। 2003 से 2025 के बीच जिले की मतदाता सूची में कुल 9.26 लाख से अधिक मतादाता बढ़ चुके हैं। एसआईआर प्रक्रिया से जुड़े प्रशासनिक अफसरों के अनुसार, बढ़े हुए मतदाताओं में से 60 फीसदी यानी करीब साढ़े पांच लाख मतदाता ऐसे हैं जो अन्य शहरों, राज्यों से भोपाल पहुंचे हैं। इन्हें ही अब एसआईआर में अपने मूल निवास, पहचान, जन्म से जुड़े दस्तावेज दिखाने होंगे।
2003 की मतदाता सूची में शामिल मतदाताओं और उनके परिजन को स्वत: ही 2025 की सूची में शामिल कर लिया गया है।
2003 में भोपाल
-04 विधानसभाएं थीं
-11.88 लाख वोटर्स थे इन विधानसभाओं में
-3.45 लाख वोटर्स गोविंदपुरा विधानसभा
-4.22 लाख वोटर्स दक्षिण विधानसभा
-2.21 लाख वोटर्स नार्थ विधानसभा
-1.99 लाख वोटर्स बैरसिया में थे
आज से लगेगी ड्यूटी
बीएलओ के साथ सहायक भी दिया जाएगा। गुरुवार से इसके लिए ड्यूटी शुरू हो जाएगी। एसआईआर के लिए प्रशिक्षण का एक भाग पहले ही तय हो चुका है। एसडीएम के माध्यम से बीएलओ ने 2003 की सूची से मौजूदा सूची का मिलान की प्रक्रिया अपने स्तर पर पूरी कर ली है। आगामी काम के लिए विधानसभा स्तर पर प्रशिक्षण होगा। एक विधानसभा में 12 से अधिक स्थान इसके लिए तय किए जा रहे हैं।
तय समय में पूरे होंगे काम- कलेक्टर
भोपाल कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने कहा कि, एसआईआर के लिए टीम ट्रेनिंग शुरू की जा रही है। तय समय में मतदाता सूची से जुड़े काम पूरे कर लिए जाएंगे।

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