कटनी
विजयराघवगढ़ थाना क्षेत्र में बुधवार को एक दर्दनाक सड़क हादसे में स्कूल वैन से गिरकर एक मासूम छात्र की मौत हो गई। हादसे के बाद परिजनों में चीख-पुकार मच गई, वहीं पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है। घटना ने स्कूली वाहनों में बच्चों की सुरक्षा व्यवस्था और निजी शिक्षण संस्थानों की परिवहन व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, छात्र रोजाना की तरह स्कूल वैन से अपने घर लौट रहा था। इसी दौरान रास्ते में वैन का दरवाजा अचानक खुलने अथवा वाहन के अनियंत्रित होने से बच्चा सड़क पर गिर पड़ा। हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के बाद मौके पर मौजूद लोगों और राहगीरों ने तत्काल घायल छात्र को उपचार के लिए नजदीकी शासकीय अस्पताल पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।
बच्चे की मौत की सूचना मिलते ही परिजन अस्पताल पहुंचे और उनका रो-रोकर बुरा हाल हो गया। घटना की खबर फैलते ही क्षेत्र में भी शोक की लहर दौड़ गई।
स्कूली वाहनों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
हादसे के बाद स्थानीय नागरिकों और अभिभावकों में निजी स्कूलों की परिवहन व्यवस्था को लेकर नाराजगी देखने को मिल रही है। उनका आरोप है कि क्षेत्र में संचालित कई निजी स्कूल वाहनों में बच्चों की सुरक्षा से जुड़े निर्धारित मानकों का पर्याप्त पालन नहीं किया जा रहा है।
अभिभावकों का कहना है कि कुछ वाहनों में दरवाजों के सुरक्षित लॉक सिस्टम, बच्चों की निगरानी के लिए अटेंडेंट तथा वाहन की फिटनेस जैसे महत्वपूर्ण पहलुओं पर लापरवाही बरती जाती है। वहीं, अनफिट या क्षमता से अधिक बच्चों को ले जाने वाले वाहनों की शिकायतें भी सामने आती रही हैं। इस घटना के बाद लोगों ने प्रशासन से स्कूली वाहनों की फिटनेस, परमिट, क्षमता और सुरक्षा मानकों की सघन जांच कराने की मांग की है।
पुलिस ने शुरू की जांच
घटना की सूचना मिलते ही विजयराघवगढ़ थाना पुलिस मौके पर पहुंची और अस्पताल में भी आवश्यक कार्रवाई की। पुलिस द्वारा हादसे के वास्तविक कारणों की जांच की जा रही है। वाहन चालक की भूमिका, वाहन की फिटनेस तथा स्कूल प्रबंधन की जिम्मेदारी समेत विभिन्न पहलुओं पर पुलिस जानकारी और साक्ष्य जुटा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच के आधार पर यदि किसी की लापरवाही या नियमों का उल्लंघन सामने आता है तो संबंधित लोगों के विरुद्ध नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
हादसे ने छोड़ा बड़ा सवाल
एक मासूम की जान जाने की इस घटना ने यह सवाल फिर खड़ा कर दिया है कि स्कूली बच्चों को घर से स्कूल और स्कूल से घर पहुंचाने वाले वाहनों की सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी आखिर कितनी गंभीरता से की जा रही है। अभिभावकों ने प्रशासन से मांग की है कि क्षेत्र के सभी स्कूल वाहनों की तत्काल जांच कराकर सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराया जाए, ताकि भविष्य में ऐसी दर्दनाक घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।

More Stories
योगी सरकार का नशामुक्त युवा पर फोकस, उच्च शिक्षण संस्थानों की हर कक्षा में गूंजेगा संकल्प
योगी सरकार का बड़ा स्वास्थ्य कवच, कई वर्गों को परिवार सहित कैशलेस इलाज मुहैया कराया
विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण एवं प्रमाणिक अध्ययन सामग्री उपलब्ध कराएं: मंत्री परमार