चेन्नई
एयर चीफ मार्शल वी आर चौधरी ने कहा कि नई प्रौद्योगिकी और पूर्णतय: नए तौर तरीकों की वजह से युद्ध क्षेत्र में मूलभूत परिवर्तन हो रहा है।
उन्होंने यहां अधिकारी प्रशिक्षण अकादमी (ओटीए) में विभिन्न टुकड़ियों की पासिंग आउट परेड का निरीक्षण करने के बाद ये टिप्पणियां कीं।
उन्होंने कहा, ''भारत के सुरक्षा परिदृश्य में बहुआयामी खतरे और चुनौतियां शामिल हैं। इसके लिए हमें विभिन्न क्षेत्रों में क्षमताओं का निर्माण करने के साथ ही कम समय में अभियानों को लागू करना होगा।''
उन्होंने युवा अधिकारियों से तकनीकी प्रगति के साथ तालमेल स्थापित करने की अपील की।
एयर मार्शल ने कहा कि ये अधिकारी ऐसे वक्त में इस पेशे को अपना रहे हैं जब देश प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में परिवर्तन से गुजर रहा है।
उन्होंने कहा, ''हमारे सशस्त्र बलों ने अगली पीढ़ी के युद्धक उपकरणों को खरीदने में भारी निवेश किया है। इन अत्यधिक शक्तिशाली प्रणालियों के भावी संचालकों के रूप में आपको इनसे भलीभांति परिचित होने की आवश्यकता है और यह कठोर प्रशिक्षण, समर्पण और एक पेशेवर दृष्टिकोण के जरिए ही हासिल किया जा सकता है।''
फील्ड मार्शल सैम मानेकशॉ के हवाले से उन्होंने कहा कि राष्ट्र को इन अधिकारियों से असाधारण पेशेवर रवैये और निर्विवादित सत्यनिष्ठा की अपेक्षा है।
चौधरी ने कहा, ''हम आपसे निजी आचरण और नैतिक मूल्यों के ऐसे उच्च मानकों को बनाए रखने की उम्मीद करते हैं जो सेना के पेशे की गरिमा और गौरव को दर्शाएं।''
चेन्नई में स्थित ओटीए में कठोर प्रशिक्षण पूरा करने के बाद 184 अधिकारी कैडेट और 36 महिला कैडेट को भारतीय सेना की विभिन्न शाखाओं और सेवाओं में शामिल किया गया।
ओटीए ने बताया कि इसके अलावा मैत्रीपूर्ण देशों के तीन अधिकारी कैडेट और छह महिला कैडेट ने अपना प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूरा किया जिससे विभिन्न देशों के बीच सौहार्द और सहयोग को बढ़ावा मिला है।
एयर चीफ मार्शल ने एयूओ आर्यन शाही को 'स्वॉर्ड ऑफ ऑनर' और रजत पदक, एसीए शौर्यन थापा को ओटीए स्वर्ण पदक और बीसीए सारन्या एम. को कांस्य पदक प्रदान किया।

More Stories
PM मोदी ने ‘सेवा तीर्थ’ का किया उद्घाटन, अब ऐसे बदलेगा प्रधानमंत्री कार्यालय का कामकाज
Himachal Pradesh कैबिनेट के बड़े फैसले: टोल टैक्स और आबकारी नीति 2026-27 को मिली मंजूरी, स्वास्थ्य, शिक्षा और रोजगार में अहम निर्णय
₹50,000 से ज्यादा जमा-निकासी पर PAN की झंझट खत्म? 1 अप्रैल 2026 से नए नियम लागू