असम
असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मंगलवार को राज्य सरकार को जुबिन गर्ग की मौत से जुड़े लोगों के खिलाफ भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 208 के तहत आगे कार्रवाई करने की मंजूरी दे दी, जिससे पुलिस को आरोप पत्र दाखिल करने की अनुमति मिल गई है। मुख्यमंत्री का यह बयान मंगलवार को मशहूर गायक जुबिन गर्ग की जयंती के मौके पर आया है।
शर्मा ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘इसी दिन माननीय केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह जी ने सिंगापुर में जुबिन की मौत से जुड़े आरोपियों के खिलाफ आगे बढ़ने के लिए भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 208 के तहत आवश्यक मंजूरी दी है।'' उन्होंने कहा, ‘‘बीएनएसएस की धारा 208 का मतलब है कि यदि कोई अपराध भारत के बाहर किया जाता है, तो अदालत द्वारा मामला तभी उठाया जा सकता है, जब केंद्र सरकार पूर्व मंजूरी दे।''
शर्मा ने कहा, ‘‘यह मंजूरी एक महत्वपूर्ण कानूनी कदम है, जिससे हमें आरोप पत्र दाखिल करने और मामले की सुनवाई के लिए मजबूती तथा कानूनी रूप से आगे बढ़ने की अनुमति मिलेगी।'' गर्ग की 19 सितंबर को सिंगापुर में मृत्यु हो गई थी, जहां वह ‘नॉर्थ ईस्ट इंडिया फेस्टिवल' (एनईआईएफ) में भाग लेने गए थे और उनके दाह संस्कार के बाद कई प्राथमिकियां दर्ज की गईं तथा राज्य सरकार ने मामलों की जांच के लिए अपराध जांच विभाग के तहत एक विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया। इसके बाद, इस सिलसिले में फेस्टिवल के आयोजक श्यामकानु महंत, गर्ग के प्रबंधक सिद्धार्थ शर्मा और अन्य सहित सात लोगों को गिरफ्तार किया गया।

More Stories
बेंगलुरु में DRDO की लैब को मिली बम से उड़ाने की धमकी, सुरक्षा एजेंसियां हुईं अलर्ट
Rupee Rally: डॉलर के मुकाबले 12 साल में सबसे बड़ी तेजी, RBI के कड़े कदमों से मिली बड़ी उछाल
मणिपुर: भारत-म्यांमार बॉर्डर पर सुरक्षा बलों की बड़ी कार्रवाई, 4 उग्रवादी गिरफ्तार