प्रयागराज
उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC) के ‘पीसीएस प्री' और ‘आरओ एआरओ' की परीक्षा दो दिन में संपन्न कराने के निर्णय के विरोध में अभ्यर्थियों के धरना प्रदर्शन का आज चौथा दिन है। आज सुबह प्रतियोगी छात्रों के साथ हुई बर्बरता को लेकर समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर हमला बोला है। उन्होंने कहा ''एक दिव्यांग छात्रा की बैसाखी तक पुलिस उठा ले गई। सरकार कितनी निर्दयी और संवेदनहीन है। ऐसी सरकार को बने रहने का कोई हक़ नहीं है।''
'दिव्यांग कहे आज का, नहीं चाहिए भाजपा!'
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने एक्स पर पोस्ट कर लिखा, ''इलाहाबाद में एक आंदोलनकारी दिव्यांग छात्रा की बैसाखी पुलिस ले गयी है… ये ख़बर बताती है कि भाजपाई और उनकी सरकार कितनी निर्दयी और संवेदनहीन है। ऐसी सरकार को बने रहने का कोई हक नहीं है। भाजपा घमंड के हिमालय पर चढ़ी हुई है। जो जितनी ऊंचाई पर होता है, उसका पतन भी उतना ही नीचे और तेज़ी से होता है। दिव्यांग कहे आज का, नहीं चाहिए भाजपा!
'भाजपा दहाई के अंक में सिमट जाएगी…'
एक अन्य पोस्ट में अखिलेश यादव ने लिखा, ''भाजपा अगर केवल चुनाव का गणित समझती है तो सुन ले कि PCS/RO/ARO/LOWER SUBORDINATE जैसी अन्य प्रतियोगी छात्रों और उनके परिवार के लोगों को मिला लिया जाए तो ये संख्या लगभग 1 करोड़ होती है। अगर इस ‘महा-संख्या’ को लगभग 400 विधानसभा सीटों से भाग दें तो भाजपा के लगभग 25000 वोट हर विधानसभा सीट पर कम होंगे मतलब भाजपा दहाई के अंक में सिमट जाएगी।''
'भाजपा हमेशा के लिए ख़त्म होनेवाली है'
इससे आगे अखिलेश यादव ने कहा, ''उम्मीद है, इस गणित को ही समझ कर आज ही भाजपा की हृदयहीन सरकार अत्याचार बंद करेगी और आंदोलनकारी युवाओं की लोकतांत्रिक जायज मांग को पूरा करेगी। भाजपा की एक आदत पड़ गयी है, जनाक्रोश से डरकर आखिरकार बात तो वो मानने पर मजबूर होती है, लेकिन तभी जब उसके सारे हिंसक तरीके नाकाम हो जाते हैं और जब उसकी नौकरी विरोधी नकारात्मक राजनीति पूरी तरह फेल हो जाती है। भाजपा हमेशा के लिए ख़त्म होने वाली है। अभ्यर्थी कहे आज का, नहीं चाहिए भाजपा!''

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